बदलेगी तस्वीर! नवादा और पावापुरी के बीच पहली बार दौड़ेगी ट्रेन, सीधे जुड़ेंगे देश-विदेश के श्रद्धालु
न्यूज 11 भारत / पटना डेस्क : कई वर्षों से लंबित नवादा–पावापुरी नई ब्रॉडगेज रेल लाइन परियोजना अब धरातल पर उतरने वाली है। इसके लिए रेल मंत्रालय ने भूमि अधिग्रहण संबंधी अधिसूचना प्रकाशित कर दी है। इस परियोजना के तहत गिरियक अंचल के 8 और बिहारशरीफ अंचल के 1 गांव की जमीन रेलवे लाइन निर्माण के लिए अधिग्रहित की जाएगी।
30 दिनों के अंदर कर सकते हैं आपत्ति
अधिसूचना जारी होने के बाद प्रभावित किसानों के बीच मुआवजा, भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया और परियोजना के भविष्य को लेकर चर्चा तेज है। जिन किसानों की जमीन अधिग्रहण की जाने वाली है वे राजपत्र में अधिसूचना प्रकाशित होने की तिथि से 30 दिनों के अंदर जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, नालंदा के समक्ष अपनी लिखित आपत्ति दर्ज करा सकते हैं।
नौ गांवों की भूमि होगी अधिग्रहित
इस कड़ी में 25.10 किलोमीटर लंबी नवादा–पावापुरी नई ब्रॉडगेज रेल लाइन के लिए गिरियक अंचल के नसीरपुर, जलालपुर, सतौवा, मरकटा, प्यारेपुर, इसुआ, दशरथपुर और पुरी मौजा के अलावा बिहारशरीफ अंचल के पावा मौजा की जमीन भी अधिग्रहित की जाएगी। राजपत्र में प्रत्येक प्रभावित खेसरा संख्या, भूमि का रकबा तथा पूर्ण या आंशिक अधिग्रहण का विस्तृत विवरण प्रकाशित किया गया है।
रेल संपर्क से बढ़ेगा विकास
भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद रेलवे निर्माण एजेंसी ट्रैक बिछाने, पुल-पुलिया और अन्य आधारभूत संरचनाओं का निर्माण शुरू करेगी। नई रेल लाइन बनने के बाद नवादा और पावापुरी के बीच पहली बार सीधा रेल संपर्क स्थापित हो जाएगा। इस परियोजना से नालंदा और नवादा जिले के लोगों को आवागमन में बड़ी सुविधा होगी। स्थानीय व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। इसके अलावा विश्व प्रसिद्ध जैन तीर्थ पावापुरी आने वाले देश-विदेश के श्रद्धालुओं की यात्रा भी आसान हो जाएगी।
