न्यूज 11 भारत / पटना डेस्क : बंगाल के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार में गन्ना आधारित उद्योगों के विकास की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि राज्य की बंद पड़ी 9 चीनी मिलों के पुनर्जीवन और 25 नई चीनी मिलों की स्थापना के लिए प्रभावी कार्ययोजना तैयार करें। मुख्यमंत्री ने सोमवार को लोक सेवक आवास में गन्ना उद्योग विभाग की समीक्षा बैठक की और राज्य में चीनी उद्योग के पुनरुद्धार, निवेश को बढ़ावा देने तथा किसानों की आय में वृद्धि के लिए आवश्यक कदम उठाने का अधिकारियों को निर्देश दिया।
खुलेंगे रोजगार के अवसर
सीएम ने कहा कि रैयाम, सकरी, सासामुसा, मधौरा, मोतीपुर, समस्तीपुर, चकिया, चनपटिया एवं मोतिहारी सहित बंद चीनी मिलों वाले क्षेत्रों में औद्योगिक गतिविधियों को पुनर्जीवित करने के लिए तेजी से काम करें। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित होंगे और किसानों को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा।
देश का प्रमुख गन्ना उत्पादन क्षेत्र बनेगा चम्पारण
उन्होंने कहा कि चंपारण को देश के प्रमुख गन्ना उत्पादन क्षेत्रों में विकसित करने के लिए विशेष कार्ययोजना बनाकर तेजी से काम करने की जरूरत है। गन्ना उत्पादन बढ़ाने, उत्पादकता में सुधार लाने तथा किसानों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने के लिए सभी आवश्यक कदम उठायें। मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिक-से-अधिक निवेश आकर्षित करने, निवेशकों को प्रोत्साहित करने तथा चीनी उद्योग के आधुनिकीकरण पर विशेष ध्यान देना होगा। राज्य सरकार किसानों की समृद्धि, औद्योगिक विकास के लिए प्रतिबद्ध है।
हाजीपुर में लगेगी आधुनिक खाद्य प्रसंस्करण इकाई
औद्योगिक क्षेत्र गोरौल फेज-1 हाजीपुर में अत्याधुनिक खाद्य प्रसंस्करण इकाई स्थापित होगी। लगभग 17 करोड़ 25 लाख के निवेश से विकसित होने वाली इस परियोजना से 200 लोगों को रोजगार का मौका मिलेगा। बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार की परियोजना समाशोधन समिति की बैठक में खाद्य प्रसंस्करण इकाई स्थापित करने की स्वीकृति दी गई।
