दिल्ली में CM सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हाई-लेवल मीटिंग जारी, मुख्य सचिव और कई विभागों के सेक्रेटरी मौजूद
न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क (अस्मित,पटना) बिहार की विकास यात्रा को एक नई और तेज रफ्तार देने के लिए देश की राजधानी दिल्ली में एक बहुत बड़ी सियासी और प्रशासनिक हलचल शुरू हो चुकी है। दिल्ली के प्रतिष्ठित ‘होटल अशोका’ में बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में एक अत्यंत महत्वपूर्ण और उच्चस्तरीय (High-Level) बैठक चल रही है। इस बैठक को राज्य के भविष्य और बुनियादी ढांचे में बड़े बदलावों से जोड़कर देखा जा रहा है।
पटना से दिल्ली तक टॉप ब्यूरोक्रेसी एक्टिव, मुख्य सचिव समेत कई बड़े अधिकारी शामिल
इस महाबैठक की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसमें बिहार की पूरी टॉप ब्यूरोक्रेसी मौजूद है। मुख्यमंत्री के साथ सूबे के मुख्य सचिव (Chief Secretary) और राज्य के कई बेहद वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी इस चर्चा की मेज पर बैठे हैं। इसके अलावा, बिहार सरकार के विभिन्न महत्वपूर्ण विभागों के सचिव (Secretaries) भी अपनी पूरी रिपोर्ट और योजनाओं के खाके के साथ दिल्ली पहुंचे हैं।
नीतिगत फैसलों और प्रशासनिक सुधारों पर मंथन
बैठक के मुख्य एजेंडे में बिहार की प्रशासनिक और शासन व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और प्रभावी बनाना शामिल है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जनता से जुड़ी फाइलों के निपटारे में तेजी लाने और सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे जमीन तक पहुंचाने के लिए कुछ बड़े नीतिगत बदलावों (Policy Decisions) और प्रशासनिक सुधारों को लेकर अधिकारियों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया जा रहा है।
कई मेगा प्रोजेक्ट्स को मिल सकती है हरी झंडी
पर्दे के पीछे से आ रही खबरों के मुताबिक, इस बैठक में बिहार के लिए कई बिल्कुल नई जनकल्याणकारी योजनाओं और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी परियोजनाओं (Projects) पर मुहर लग सकती है। मुख्यमंत्री हर विभाग के आगामी लक्ष्यों की समीक्षा कर रहे हैं, ताकि राज्य में विकास कार्यों को बिना किसी रुकावट के तय समय सीमा के भीतर पूरा किया जा सके।
क्यों बेहद खास है यह दिल्ली बैठक?
राजनीतिक और प्रशासनिक विश्लेषकों का मानना है कि दिल्ली का यह जमावड़ा महज एक औपचारिक बैठक नहीं है, बल्कि यह बिहार के आगामी विकास का एक मजबूत ब्लूप्रिंट (रोडमैप) तैयार करने की कवायद है। केंद्र सरकार के सहयोग से बिहार में कौन-सी बड़ी योजनाओं को धरातल पर उतारा जा सकता है, इस लिहाज से भी सीएम सम्राट चौधरी की इस दिल्ली बैठक को गेम-चेंजर माना जा रहा है।
