न्यूज 11 भारत / पटना डेस्क : पटना जू में बहुत जल्द मैसूर से नर जिराफ आने वाला है। पटना जू में पहले से मौजूद नर जिराफ भीमा को जल्द उसका साथी मिल जाएगा। देश में केवल दो जू कोलकाता और मैसूर ऐसे हें जहां जिराफ की पर्याप्त संख्या है। नर जिराफ को पटना जू लाने का उद्देश्य जिराफ के ब्लड लाइन को बदल कर उसके ब्रीडिंग को बढ़ावा देना है। वन्यजीव आदान-प्रदान की प्रक्रिया के तहत कोई एक या कुछ वन्य जीव दूसरे जू को दिए जाते हैं और बदले में अन्य जीव दिए जाते हैं।
जू में है चार जिराफ
वर्तमान में पटना जू में चार जिराफ हैं। जिनमें दो व्यस्क और दो शावक हैं। व्यस्क और शावक दोनों में एक नर और एक मादा है। व्यस्क नर जिराफ का नाम भीमा है। यह मैसूर जू से 2014 में पटना जू आया था। मादा व्यस्क जिराफ का नाम सृष्टि है। 2006 में यह अमेरिका के सैन डिएगो से आई थी। इसके साथ शांति नामक एक और मादा जिराफ सेन डियागो से आई थीं। गर्भावस्था संबंधी जटिलताओं के कारण चार माह पहले उसकी मृत्यु हो गई। इसके अलावा लगभग वर्ष के दो जिराफ शावक भी पटना जू में है। इसके अलावा तीन साल उम्र के दो जिराफ शावक पटना जू में है।
गर्मी में इन पर रहती है विशेष नजर
जिनका जन्म पटना जू में 2023 हुआ था। इनमें नर शावक का नाम अमन और मादा का नाम हिमानी है। जू भ्रमण के दौरान पर्यटक जिराफ समेत अन्य वन्य जीव का दीदार कर आनंदित होते हैं। मौसम में बदलाव आने के साथ इन दिनों वन्य जीवों का विशेष रूप से ध्यान रखा जा रहा है। गर्मी से बचाव को लेकर जू परिसर में पानी के छिड़काव करने के साथ वन्य जीवों के लिए कूलर और पंखे भी लगाए हैं। जू प्रशासन की ओर से कर्मचारी वन्य जीवों की देखरेख में लगे हैं।
