सिपाही भर्ती परीक्षा से पहले पटना में बवाल, ट्रैक जाम-तोड़फोड़ के बीच चला लाठीचार्ज; 16 लाख अभ्यर्थियों की बढ़ी बेचैनी
न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क
पटना – बिहार में आज से सिपाही भर्ती परीक्षा शुरू हो चुकी है, जिसमें करीब 16 लाख अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। राज्यभर में 500 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं और परीक्षा दो पालियों में आयोजित की जा रही है। इसी बीच परीक्षा शुरू होने से पहले शनिवार देर रात पटना समेत कई इलाकों में अभ्यर्थियों के प्रदर्शन और हंगामे की तस्वीरें सामने आईं। प्रदर्शनकारियों ने कई ट्रेनों को रोक दिया, जिससे रेल परिचालन प्रभावित हुआ और प्रशासन को हस्तक्षेप करना पड़ा।
हाईलाइट्स –
- बिहार में सिपाही भर्ती परीक्षा के लिए 16 लाख अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं।
- परीक्षा से पहले पटना समेत कई इलाकों में अभ्यर्थियों का हंगामा।
- प्रदर्शनकारियों ने ट्रेनों को रोककर स्पेशल ट्रेन की मांग की।
- रेलवे ने एक घंटे के भीतर स्पेशल ट्रेन चलाई, फिर भी प्रदर्शन जारी रहा।
- स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल किया।
- स्थानीय दुकानदारों ने तोड़फोड़ और सामान लूटे जाने का आरोप लगाया।
- प्रशासन ने दावा किया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।
पहले से लगी थीं ट्रेनें, फिर भी ट्रैक पर बैठे छात्र
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, स्टेशन पर मधुबनी एक्सप्रेस और सीमांचल एक्सप्रेस पहले से खड़ी थीं, जिनसे बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों को दरभंगा और मधुबनी की ओर जाना था। कई छात्र इन ट्रेनों में सवार भी हो चुके थे। इसी दौरान करीब 200 से 300 छात्र स्टेशन पहुंचे और ट्रैक पर बैठकर स्पेशल ट्रेन की मांग करने लगे। रेलवे का दावा है कि इन छात्रों का उद्देश्य यात्रा करने के बजाय विरोध प्रदर्शन करना था। अधिकारियों ने उनकी मांग को उच्च स्तर पर पहुंचाया, जिसके बाद एक घंटे के भीतर विशेष ट्रेन चलाने का फैसला लिया गया।
स्पेशल ट्रेन भी चली, फिर भी नहीं माने प्रदर्शनकारी
रेलवे प्रशासन ने रात 2:10 बजे विशेष ट्रेन उपलब्ध करा दी। अधिकारियों के मुताबिक, डीजीपी से बातचीत के बाद यह आश्वासन भी दिया गया था कि यदि किसी अभ्यर्थी की परीक्षा छूटती है तो उसके लिए पुनर्निर्धारित परीक्षा कराने पर विचार किया जाएगा। रेलवे का कहना है कि रात 2:30 बजे भी ट्रेन रवाना होती तो अभ्यर्थी समय पर अपने गंतव्य तक पहुंच सकते थे। इसके बावजूद प्रदर्शनकारी किसी भी समझाइश को मानने के लिए तैयार नहीं हुए। हालात बिगड़ने पर पुलिस और सुरक्षा बलों को कार्रवाई करनी पड़ी और लाठीचार्ज तथा आंसू गैस के इस्तेमाल के बाद स्थिति पर काबू पाया गया।
दुकानदारों का नुकसान, प्रशासन बोला- हालात सामान्य
हंगामे के बीच स्थानीय दुकानदारों ने तोड़फोड़ और लूटपाट के आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि कई दुकानों से कोल्ड ड्रिंक्स और अन्य सामान उठा लिए गए, जबकि कुछ लोगों के स्कूटर भी क्षतिग्रस्त कर दिए गए। दुकानदारों का दावा है कि इस घटना से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। प्रशासन का कहना है कि स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है और सिपाही भर्ती परीक्षा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए राज्यभर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
