न्यूज 11 भारत / पटना डेस्क: नई रैयती भूमि खरीद नीति को मंजूरी मिलने के बाद मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा कि बिहार में करीब 12 वर्षों बाद जमीन के सरकारी मूल्य यानी सर्किल रेट का पुनरीक्षण किया गया है। सरकार ने जमीन के सर्किल रेट में 1.60 गुना तक की वृद्धि की है। इसका सबसे बड़ा लाभ किसानों और रैयतों को मिलेगा।
बढ़ेगी जमीन की कीमत
उन्होंने आगे कहा कि पहले जब सरकार किसी परियोजना के लिए जमीन अधिग्रहित करती थी, तब किसानों को उनकी जमीन की उचित कीमत नहीं मिल पाती थी। अब सर्किल रेट बढ़ने के बाद जमीन का मूल्य बढ़ गया है।
मुआवजे की रकम में होगी वृद्धि
उदाहरण के तौर पर, जिस जमीन की सरकारी कीमत पहले 10 लाख रुपये थी, उसकी कीमत अब 16 लाख रुपये मानी जाएगी। ऐसे में भूमि अधिग्रहण के दौरान मिलने वाला मुआवजा भी काफी बढ़ जाएगा।
क्यों होता है भूमि अधिग्रहण
दिलीप जायसवाल ने कहा कि सरकार सैटेलाइट टाउनशिप, उद्योग, सड़क, रेल और अन्य विकास परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण करती है। सरकार की मंशा है कि किसी भी किसान या रैयत को उसकी जमीन का कम मूल्य न मिले।
