न्यूज 11 भारत / पटना डेस्क : मधेपुरा जिले की मुरलीगंज थाना पुलिस और डीआईयू की संयुक्त टीम ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने बिना नंबर की नई महिंद्रा थार गाड़ी से करीब 927 ग्राम स्मैक के साथ दो शातिर तस्करों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। बरामद स्मैक की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ रुपये आंकी जा रही है।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की जा रही टॉप मॉडल महिंद्रा थार जीप भी जब्त की है, जिसकी कीमत लगभग 22 लाख रुपये है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि तस्करों ने स्मैक की काली कमाई से ही यह महंगी गाड़ी खरीदी थी।
गिरफ्तार तस्करों की पहचान मधेपुरा थाना क्षेत्र के जयपालपट्टी निवासी सरोज कुमार (28) और साहुगढ़ वार्ड संख्या 15 निवासी अभिमन्यु कुमार (19) के रूप में हुई है। पूछताछ में सामने आया है कि दोनों आरोपी कोसी प्रमंडल यानी मधेपुरा, सुपौल और सहरसा जिले में स्मैक सप्लाई करने वाले मुख्य गिरोह के सदस्य हैं। इस नेटवर्क में आधा दर्जन से अधिक तस्कर शामिल हैं।
गुप्त सूचना मिली थी कि पूर्णिया की ओर से मधेपुरा की तरफ एक बिना नंबर की काले रंग की थार गाड़ी में भारी मात्रा में स्मैक ले जाई जा रही है। सूचना पर प्रशिक्षु डीएसपी सह मुरलीगंज थानाध्यक्ष नुरुल हक के नेतृत्व में नाकेबंदी कर सघन जांच अभियान चलाया गया और गाड़ी रोककर 927 ग्राम स्मैक व दो मोबाइल जब्त किए गए।
पुलिस जांच में पता चला है कि स्मैक की यह बड़ी खेप पश्चिम बंगाल से पूर्णिया के रास्ते मधेपुरा लाई जा रही थी, जिसे मधेपुरा, सहरसा और सुपौल के स्थानीय तस्करों को थोक में सप्लाई किया जाना था। पुलिस अब नेटवर्क से जुड़े फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंक्स की तलाश कर रही है।
पुलिस मुख्यालय, डीआईजी सहरसा और एसपी मधेपुरा के निर्देश पर मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। गिरफ्तार दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। पुलिस इस रैकेट से जुड़े अन्य तस्करों और उनके आपराधिक इतिहास की गहनता से जांच कर रही है।
